‘पेशे’ का अभिव्यक्ति से सम्बन्ध

‘पेशे’ का अभिव्यक्ति से सम्बन्ध

  • December 1, 2017

पारुल अपने मातापिता की अकेली बच्ची थी। बेहद शांत, पढ़ने में होशियार, आदत और व्यवहार से उत्तम। धीरे-धीरे जब कोई भी बच्चा बड़ा होने लगता है तो सभी जागरूक माता-पिता ध्यान देते हैं। बराबर ध्यान लगाते हैं कि उनके बच्चे…

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Pet Grooming

Pet grooming

  • December 1, 2017

In this busy chaotic world, it gets very difficult to find personal time for our pets and that's when we need pet groomers to take the lead. Also, if you love animals, it's a great career option for you. You…

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सिंहासन बत्तीसी – कहानी पुतली इंदुमती की

सिंहासन बत्तीसी – कहानी पुतली इंदुमती की

  • December 1, 2017

यद्यपि राजा भोज अब तक किसी पुतली को संतुष्ट नहीं कर सके थे परंतु चमत्कारी सिंहासन पर बैठने की लालसा उन्हें पुन: राजदरबार में खींच लाई। बारहवें दिन, राजा भोज ने जैसे ही सिंहासन की ओर कदम बढ़ाया, पुतली इंदुमती…

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गर्मी की छुट्टियाँ

गर्मी की छुट्टियाँ

  • December 1, 2017

गुनगुन की गर्मी की छुट्टियाँ शुरु हो गयी थीं। खूब दिनों तक दोस्तों के साथ खेलने व खूब मस्ती करने को लेकर वह बहुत ही ज्यादा उत्साहित थी। कुछ दिनों की छुट्टियों के बाद एक एक करके घूमने जाने के…

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The Speedy Eater

The speedy eater

  • December 1, 2017

Arti and Sandhya were great friends. They did so many things together. They laughed over silly matters, had petty fights, stole from each other’s lunch boxes and played pranks on others. One day, a youth association in their neighbourhood organized…

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There Is No Profession Big Or Small

There is no profession big or small

  • December 1, 2017

Pinky and Lily were two women who lived in a small village in Goa. Pinky sold fish and Lily sold perfumes. They used to meet daily in the market while selling their wares. Lily always thought that her job was…

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अमर रहें

अमर रहें

  • December 1, 2017

अस्पताल भी कैसी जगह है! दर्द, पीड़ा, बीमारी से जूझता व्यक्ति यहाँ का रुख करता है। अपार भीड़ और अपने नंबर की मारा मारी, एक बीमार, चार उसके सहायक और खर्च की चिंता...। चारों ओर ऐसा लगता है जैसे यहाँ…

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You Can Be Anything

You can be anything

  • December 1, 2017

It was 8.30 in the morning. Sia was in a jovial mood, getting ready for school. As she started on her way, she began thinking to herself, “I wonder what we’re going to be taught in school today. I hope…

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पाखण्ड पेशा

पाखण्ड पेशा

  • December 1, 2017

लालनपुर क़स्बा शहर और गाँव दोनों से बराबर जुड़ा हुआ था। कस्बे के बीच में से लंबा रास्ता निकल रहा था जो एक तरफ गाँव में जा कर ख़त्म हो जाता था। वहीं दूसरी तरफ मुज़ीमपुर शहर की मुख्य सड़क…

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अलबेला फ़ैशन-शो

अलबेला फ़ैशन-शो

  • December 1, 2017

चंचलवन में फ़ैशन-शो की तैयारियाँ चल रही थी। सभी अपने कपड़े जग्गू भेड़िए से सिलवाने में लगे थे। बड़की हथिनी तो डाइटिंग करके अपना वज़न कम कर रही थी। मयूरा मोरनी भी इसमें हिस्सा ले रही थी, लेकिन उसको सबसे…

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