“अरे! सुमित तुम कहाँ चले गए थे यार! मैं तो तुम्हारे बिना परेशान हो गया था”, अरुण ने सुमित को कक्षा में बैठा देख कर चहकते हुए कहा।     “अब तो तुम्हें मेरी अहमियत पता चली”, सुमित ने उसे गले…

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शहीदी कुआं
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